*ग्राम पिसौद में आयोजित श्रीमद् भागवत महापुराण ज्ञान यज्ञ में सम्मिलित हुए अध्यक्ष गौ सेवा आयोग*
छत्तीसगढ़ राज्य गौ सेवा आयोग के अध्यक्ष राजेश्री महन्त रामसुन्दर दास महाराज अपने एकदिवसीय जांजगीर-चांपा जिला प्रवास के दौरान बलौदा विकासखंड अंतर्गत स्थित ग्राम पिसौद में आयोजित श्रीमद् भागवत महापुराण ज्ञान यज्ञ में सम्मिलित हुए ।यहां उन्होंने व्यास पीठ पर विराजित आचार्य किशोरी छाया दुबे जी का साल श्रीफल से सम्मान किया आचार्य जी ने शाल एवं पुष्पमाला भेंट करके महन्त जी महाराज से आशीर्वाद प्राप्त की। इस अवसर पर अपना आशीर्वचन प्रदान करते हुए राजेश्री महन्त जी महाराज ने कहा कि- जीवात्मा जिस दिन इस धरती पर शरीर धारण करता है उसी दिन से ही उस पर तीन ऋण स्वत: ही आ जाते हैं, आध्यात्मिक आयोजन से जीवात्मा ऋषि या आचार्य ऋण से उऋण होता है। राजा परीक्षित को जब श्राप मिला के वे सात दिवस के अंतर्गत तक्षक नाग के डसने से मृत्यु को प्राप्त हो जाएंगे, यह जानकर भी राजा सशंकित या भयभीत नहीं हुए बल्कि उन्होंने अपने जीवन के शेष बचे हुए प्रत्येक क्षणों का सदुपयोग भगवत भक्ति के लिए किया और श्रीमद् भागवत महापुराण की कथा सुन कर अपने लिए मोक्ष का मार्ग प्रशस्त किया। उन्होंने कहा कि- किशोरी दुबे जी बहुत कम उम्र की है और भगवत कृपा से बहुत अच्छे शब्दों में श्रीमद् भागवत महापुराण की कथा हम सभी को श्रवण करवा रही हैं, ईश्वर से प्रार्थना है कि वे सनातन धर्म का प्रचार और प्रसार न केवल छत्तीसगढ़ में अपितु संपूर्ण भारतवर्ष के कोने -कोने में करती रहें! इस अवसर पर व्यासपीठ से आचार्य जी ने कहा कि – संत महात्मा प्रभु के स्वरूप होते हैं ये चलते-फिरते तीर्थ हैं इनके दर्शन मात्र से पाप मिट जाते हैं, परम पूज्य महाराज जी ने यहां पधार कर हम सभी पर बड़ी कृपा की हैं हम उनका हृदय से स्वागत करते हैं लोगों को भागवताचार्य श्री दिनेश दुबे जी ने भी अपना आशीर्वचन प्रदान किया इस अवसर पर नीलमणि दुबे, युवराज कृष्ण दुबे, जनपद सदस्य कमलेश सिंह, शशि भूषण सोनी, प्रमोद सिंह सचिव जिला कांग्रेस कमेटी जांजगीर चांपा,मीडिया प्रभारी निर्मल दास वैष्णव, हर्ष दुबे, कार्यक्रम के आयोजक नोहर लाल साहू सहित अनेक गणमान्य जन उपस्थित थे। उल्लेखनीय है कि इस कार्यक्रम के पूर्व राजेश्री महन्त जी महाराज धीवर समाज द्वारा अंबेडकर भवन चांपा में आयोजित प्रतिभा सम्मान समारोह, अनिल सोनी जी के यहां आध्यात्मिक कार्यक्रम तथा ग्राम गुचकुलिया में शोक संतप्त चंद्रा परिवार के श्रद्धांजलि कार्यक्रम में भी सम्मिलित हुए।








