रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के कई वार्डों में लगातार जलसंकट की समस्या लगातार बढ़ती जा रही है। इसी समस्या को लेकर भाजपा पार्षद दल ने नेता प्रतिपक्ष मीनल चौबे के नेतृत्व में निगम मुख्यालय के द्वार पर बैठकर घंटो धरना दिया।
धरना के दौरान नेता प्रतिपक्ष ने आरोप लगाया कि जब वार्डों में टैंकर के द्वारा जलप्रदाय के लिए पचास लाख रुपये का टेंडर हुआ है। फिर वार्डों में टैंकर क्यों नहीं पहुंच रहे हैं। पानी को लेकर जनता में परेशान है, त्राही-त्राही का माहौल है। उन्होंने कहा कि अमृत मिशन द्वारा भी पेयजल सप्लाई और पाईप लाइन बिछाने की समय सीमा 30 मार्च थी। अभी तक पाइप लाइन बिछाने काम पूरा नहीं हुआ है। और कहीं ना कहीं अधिकारियों की लापरवाही या लेनदेन का आरोप नेता प्रतिपक्ष लगाया।
धरने के बाद जब पार्षद दल महापौर को ज्ञापन देने मुख्यालय के अंदर जाने लगे तो पुलिसकर्मियों द्वारा मुख्य द्वार बंद कर उन्हें बलपूर्वक रोकने का प्रयास किया गया, जिससे स्थिति और बिगड़ गई और धक्का मुक्की की नौबत आ गई, अंत में महापौर एजाज ढेबर को आना पड़ा और उन्होंने हस्तक्षेप कर खेद व्यक्त किया।






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भाजपा पार्षद दल ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि निगम प्रशासन द्वारा जल्द ही पेयजल संकट को दूर करने कोई ठोस उपाय नहीं किया गया तो भाजपा पार्षद दल आम नागरिकों को साथ लेकर उग्र आंदोलन करेगा।
धरने में उपनेता प्रतिपक्ष मनोज वर्मा, जोन 3 अध्यक्ष डा. प्रमोद साहू, मृत्युंजय दुबे, सरिता वर्मा, सुशीला धीवर, रोहित साहू, कमलेश वर्मा, सीमा साहू, रवि ध्रुव, रजियंत ध्रुव, सुमन राम प्रजापति, दीपक जायसवाल,कामिनी देवांगन,आशु चंद्रवंशी,सीमा कन्दोई,टेशु साहू सावित्री जयमोहनसाहू, राम प्रजापति सहित पार्षदग भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ता शामिल रहे।
