नीपा नई दिल्ली झारखंड मध्य प्रदेश के अधिकारी भी हुए शामिल
रायपुरl 20 फरवरी l
स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव श्री सिद्धार्थ कोमल परदेशी ने कहा कि
शिक्षक जीवन में ऐसा कार्य करें जिससे वह विद्यार्थियों के जीवन में रोल मॉडल बन सके इसके लिए यह आवश्यक है कि हम स्कूल में अच्छा वातावरण बनाएं और एक परिवार की तरह रहे स्कूल शिक्षा सचिव श्री सिद्धार्थ कोमल परदेशी लीडरशिप के साथ विषयों पर फोकस करते हुए कहा कि यह करना कठिन नहीं है प्रयास करेंगे तो अच्छे से क्रियान्वित किया जा सकता है उन्होंने नवाचारी शिक्षकों का उत्साह वर्धन करते हुए का कि हमें शिक्षकों के जरिए जागरूकता लानी है गांव में शिक्षक का लीडर के रूप में होना जरूरी है और यह आपके व्यवहार पर निर्भर करता है उन्होंने कहा कि
यहां से प्रशिक्षण प्राप्त कर जब जिले के स्कूल के वातावरण में बदलाव होगा तभी यह प्रशिक्षण सफल माना जाएगा l
सेमिनार को संबोधित करते हुए एस सीईआरटी व राज्य साक्षरता मिशन प्राधिकरण के संचालक राजेंद्र कुमार कटारा ने कहा कि स्कूल के प्रिंसिपल व प्रधान पाठक तथा शिक्षक की आत्मा को जागृत करने की आवश्यकता है शिक्षा एक मंदिर है इस भावना से हमें जीवन जीने के लिए अच्छे गुणों का विकास करना है उन्होंने कहा कि जिस प्रकार हमने नवाचारी कार्यक्रम श्रेष्ठ पा लकत्व के जरिए पलकों को बच्चों में क्या अच्छी आदत होनी चाहिए यह बातें सिखाई है इस तरह के नवाचारी कार्यक्रमों की आवश्यकता है उन्होंने कहा कि प्रत्येक स्कूल में उल्लास केदो के जरिए जब हम अशिक्षितों को साक्षर करेंगे तब समुदाय हमारे स्कूल से जुड़ेगा और समुदाय की भागीदारी से उसका संचालन अच्छे से हो पाएगा l
दो दिवसीय सेमिनार में एनसी एसएल नीपा की छत्तीसगढ़ प्रभारी डॉ सा दमा अफजार
कुलपति डॉक्टर पीयूष कांत पांडेय
उपसंचालक पुष्पा किसपोट्टा डॉ कामायनी कश्यप सीमेट प्रकोष्ठ प्रभारी आलोक शर्मा नोडल अधिकारी डी दर्शन झारखंड के प्रभारी डी न सिंह मध्य प्रदेश के प्रभारी उस्मान खान प्रदेश के 100 से अधिक चयनित नवाचारी शिक्षक उपस्थित थे कार्यक्रम का संचालन सहायक प्राध्यापक डॉक्टर सीमा श्रीवास्तव ने किया








