रायपुर। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के उपमहाप्रबंधक के द्वारा बुलाई गई बैठक में रायपुर सराफा एसोसिएशन के अध्यक्ष हरख मालू के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल भी शामिल हुआ। इस दौरान एसोसिएशन के अध्यक्ष मालू ने उपमहाप्रबंधक से मांग करते हुए कहा कि सराफा व्यापारियो को बैंकिंग व्यवहार में आ रही कठिनाईयों और असुविधाओं को तत्काल दूर किया जाए साथ ही 1000 रुपये के नये नोट जारी किए तथा 10, 20, 50 व 100 रुपये के नोट की इस समय भारी कमी है इसे भी दूर करने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश देवें। इसके अलावा कार्ड स्वैप में जो चार्ज लिया जा रहा है उसे खत्म किया जाए। इस बैठक में एसबीआई के डीजीएम श्री एस.वी. राधाकृष्णा, एजीएम विजय रायकवाड़, मुकेश राठौर, रायपुर सराफा एसोसिएशन की ओर से अध्यक्ष मालू के अलावा लक्ष्मी नारायण लाहोटी, प्रहलाद सोनी, अनिल कुचेरिया इंद्रजीत सलूजा, देवेंद्र सोनी, रविकांत लुक्कड़ तथा सेंट्रल बैंक, बैंक ऑफ महाराष्ट्र, केनरा बैंक, ओवरसीज बैंक, यूको बैंक के प्रतिनिधि उपस्थित थे।
श्री मालू ने रायपुर सराफा एसोसिएशन की ओर से अपनी मांग रखते हुए कहा कि अधिकाश सराफा कारोबारियों के यहां विभिन्न बैंकों के स्वाइप मशीनें लगी हुई है और बैंकों के द्वारा स्वाइप चार्ज करने पर अत्याधिक चार्ज लिया जा रहा हैं जिसे तत्काल प्रभाव से खत्म किया जाना चाहिए। क्योंकि अगर ग्राहक या व्यापारी ऑनलाइन प्लेटफार्म के माध्यम से अगर पेमेंट करता है उसमें बैंकों के द्वारा कोई भी चार्ज नहीं लिया जाता है, बैंकों को अगर चार्ज लेना भी हैं तो वह क्रेडिड कार्ड पर लें सकते हैं इसमें सराफा व्यापारियों को कोई परेशानी नहीं हैं। श्री मालू ने बताया कि अन्य व्यवसाय की तुलना में सराफा व्यवसाय में अधिक राशियों का लेन-देना होता है और स्वैप मशीन से पेमेंट करने के कारण सराफा कारोबारियों को इस मद में अनावश्यक भार पड़ रहा है। इससे पूर्व में भी इस संबंध में पत्राचार किया गया था लेकिन अभी तक संतोषजनक उत्तर प्राप्त नहीं हुआ है। इस समस्या पर तत्काल ध्यान दिया जाना चाहिए क्योंकि सराफा कारोबारियों को अनावश्यक भार से निदान मिल सकें। रायपुर सराफा एसोसिएशन ने यह भी निवेदन किया कि बैंकों द्वारा अप्रेजर एवं ऑक्शन के बारे में भी एसोसिएशन को सूचित किया जाना चाहिए जिससे बैंकों के दैनंदिनी कार्य में सहयोग मिल सके
श्री मालू ने कहा कि पिछले कुछ समय से देखा जा रहा है कि बाजार में 10, 20, 50 व 100 रुपये के नोट मार्केट से गायब हो गए हैं और इस कारण इसकी भारी कमी हो गई है। इस कारण व्यापारियों को काफी कठिनाओं का सामना करना पड़ रहा है। इस समस्यों को दूर करने संबंधित अधिकारियों को निर्देश देवें। इसके अलावा नोटबंदी के समय 500 रुपये के पुराने नोट और 1000 रुपये के नोटों को बंद कर उसकी जगह 500 और 2000 रुपये के नये नोट जारी किए गए थे। लेकिन मार्केट से 2000 रुपये के नोट गायब हो गए है वहीं दूसरी ओर बैंकों ने 2000 रुपये के नोटों को वापस जमा करने का अभियान शुरु किया है जो अभी तक जारी है। वर्तमान समय में बड़े नोटों की आपूर्ति की जानी चाहिए क्योंकि सराफा कारोबारियों के साथ ही अन्य व्यापारियों को भी इसकी जरुरत है। रायपुर सराफा एसोसिएशन के अध्यक्ष हरख मालू ने एसबीआई के अधिकारियों से मांग करते हुए रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया व केंद्र सरकार से 1000 रुपये के नोटों की छपाई फिर से शुरु कर जल्द जारी किया जाए।
