एस एच अज़हर दंतेवाड़ा, : किरंदुल पुलिस और सायबर सेल की संयुक्त कार्रवाई में एकतरफा प्यार के कारण पीड़िता को जंगल में अर्धनग्न अवस्था में बांधकर छोड़ने वाले आरोपी सतीष कुमार मरकाम को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। यह घटना 20 जुलाई 2025 को किरंदुल क्षेत्र के ग्राम पेरपा के जंगल में हुई थी, जिसे पुलिस ने गंभीरता से लिया।
पुलिस अधीक्षक दंतेवाड़ा गौरव राय के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उदित पुष्कर और आर.के. बर्मन के मार्गदर्शन में एसडीओपी किरंदुल कपिल चंद्रा के नेतृत्व में जांच शुरू की गई। पीड़िता की नाजुक हालत और घटनास्थल पर बारिश के कारण साक्ष्य मिटने की आशंका के बावजूद, सायबर सेल ने हजारों मोबाइल नंबरों का विश्लेषण कर संदिग्ध सतीष कुमार मरकाम (21 वर्ष, निवासी मुंडीपारा धुरली, थाना भांसी) तक पहुंच बनाई।
पूछताछ में सतीष ने बार-बार बयान बदले, जिससे संदेह गहराया। जांच में पता चला कि सतीष का पीड़िता से 2-3 साल पहले परिचय हुआ था और वह उससे एकतरफा प्यार करता था। एक साल पहले उसने पीड़िता के सामने शादी का प्रस्ताव रखा था, जिसे ठुकरा दिया गया। इसके बावजूद, वह पीड़िता को किसी और से शादी न करने देने के इरादे से घटना वाले दिन जंगल में छिपकर उसका इंतजार कर रहा था। मौका पाकर उसने पीड़िता की आंखों में धूल डालकर उसे बलपूर्वक ले गया और अपमानित करने की नीयत से उसे अर्धनग्न कर बांधकर छोड़ दिया।
23 अगस्त 2025 को सतीष को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। इस मामले में किरंदुल थाना, सायबर सेल दंतेवाड़ा, बचेली, भांसी और कोतवाली दंतेवाड़ा की टीमों ने एक माह तक लगातार काम किया।
विशेष योगदान:
थाना किरंदुल: निरीक्षक संजय कुमार यादव, उनि हेमंत साहू, लीलाराम गंगबेर, सउनि अनिता चौधरी, के. सीमाचलम, उत्तम ध्रुव, आरक्षक सोनाराम ताती, धनंजय गंजीर, जोगा कुंजाम, अजय तेलाम, महिला आरक्षक सुरेखा सलाम, सोनिया नेताम।
सायबर सेल दंतेवाड़ा: एसआई हेमशंकर गुनेंद्र, बेलाल सिंह।
थाना कोतवाली: वीरेंद्र नाग, भील नाग।
पुलिस की इस त्वरित और समन्वित कार्रवाई से क्षेत्र में महिला सुरक्षा के प्रति विश्वास बढ़ा है।








